हम अपने देश में रहते हुए भी
किसी और देश की नकल करते हैं
सिंपल सी बात है
यही देखलो मदर्स डे
ऐ हमारे देश की पहचान नहीं है फिर भी हम प्यार से
मनाते हैं
पहले लोग नहीं मनाते थे मदर्स डे
इसलिए वो अपने परिवार को आजीवन प्यार करते थे
मगर अब नहीं
क्योंकि अब एक दिन फिक्स हो गया ।।
नरेन्द्र परमार ✍️