तिनका -तिनका खुद को निचोड़ता रहा ,एक बाप अपनी बेटी के लिए पैसे जोड़ता रहा|
बेटी बचपन छोड़ बड़ी हो गई, समाज की आँखो मे मानो किरकिरी हो गई|
बाप भी बेचारा क्या करे, दुल्हा खरीदने के लिए क्या खुद को बेच दे?
बहुत जटिल यह सवाल है , रात भर न सो पाती
दिन परमेश्वर की प्रार्थना मे लगाती , माँ का भी ऐसा ही बुरा हाल है|
बस एक दुल्हे का सवाल है, सपनो से परे हो चाहे,
यह मजबूरी का ही तो कमाल है|
आखिर करे भी तो क्या करे , दुल्हा वही जो उसके बजट मे उतरे|
सुकून के दो पल चाहिए आखिर ,समाज के सवालो का भी तो हल चाहिए |
#दूल्हा