राधे,
तुम कितनी प्यारी हो,
माना कि, हमसे झगड़ती हो
मगर,हमे कितना चाहती हो
जब तुम हमें भैया कहकर बुलाती हो
तो,दिल सुकून से भर जाता हैं
तुम्हे देखे बिना ना हमे एक पल भी चैन आता हैं
मुस्कान पे तेरी मैं चांद तारे लुटा दूं
अगर,
मुस्कान पे तेरी मैं चांद तारे लुटा दू
तो भी कम हैं,
क्योंकि इस मुस्कान के रहते
हमारी जिंदगी में कहा कोई भी ग़म है
iतुम्हारे चेहरे की मुस्कान कभी मिटे ना,
हमारे रिश्ते में दरार कभी पड़े ना,
बस एक ही ख्वाहिश है, मेरी भगवान से
कि, तेरी जिंदगी में खुशियों की कमी कभी पड़े ना