फिर एक वक्त ऐसा भी आता है
कि दिल दर्दों को भूलाकर ऐसे बैठा है
मानो जैसे वो कभी दुखा ही नहीं
धड़क ऐसे रहा है
मानो जैसे वो कभी तुटा ही नहीं
तेरी यादों से इतने फासले रखने लगा है जैसे कभी तुझे देखा ही नहीं
पहले डूबे रहते थे तेरी चाहत के नशे में
अब इश्क के नाम से इतने अंजान बन रहे है
मानो जैसे वो जाम हमने कभी चखा ही नहीं ❤️🩹