" नजर "
नजर चढ़ती है खुब , नजर को नशा लिखना चाहती हूं ।
नजर इंतजार करती है नजरों का नजर को उम्मीद लिखना चाहती हूं ।
नजर नजर में इज़हार हो जाता है । नजर को इश्क लिखना चाहती हूं ।
नजरे नजर को देखकर नजरे नजर में डूब जाती है नजर को समंदर लिखना चाहती हूं ।
नजरों ने देखी है यू तो कहीं नजर पर नजर की नजर टिकी हुई है नजर पर नजर को मोहब्बत लिखना चाहती हूं।
नजरने मारि है कई नजरों को नजर को जहर लिखना चाहती हूं ।
नजर ने किए कई सवाल नजर से नजर को इम्तिहान लिखना चाहती हूं ।
नजर यु तो है कमजोर लेकिन नजर को नशा लिखना चाहती हूं ।
नजर ने नजर को यू नजरों से देखा नजर की नजर में खो गई नजरे ।
मैं नजर को सेहेलाब लिखना चाहती हूं ।
✍️ Vyas Dhara ✍️