*Happy FRIENDSHIP DAY*
मित्र पाँच प्रकार के होते है ।
*खाली मित्र*
जिनके साथ सिर्फ hi , hellow का संबंध होता है ।
*ताली मित्र*
वोह कोई काममे नही आते, मगर इनके साथ बात करनेमे मज़ा आता है, और वोह आपकी हाँ मे हाँ मिलाते है ।
*प्याली मित्र*
समझ गए ना ?? ऐसे लोगों से तो दूर ही रहें, वोह आपको पतन के रास्तेपे ले जा सकते है ।
*थाली मित्र*
जो अपने करीबी मित्र होते है, जिनके साथ अपने family relation भी होते है, और वोह अपने सभी function मे invited भी होते है , वोह हमारी जिंदगीका important हिस्सा होते है ।
और last मे है ,
*माली मित्र* ( *कल्याणमित्र* )
वोह मालीकी तरह होता है, जैसे माली garden मे से फ़ालतू पौधे को काट देता है और पौधेको nurture करता है और shape देता है , वैसे ही कल्याणमित्र हमारी जिंदगीको nurture करता है, भले उसके कैची लेके फ़ालतू चीजों को काटना क्युना पड़े ।
*ऐसे मित्र, बड़े भाग्यसे मिलते है, ऐसे मित्रका साथ कभी ना छोड़ना* ।
Based on व्याख्यान of आचार्यश्री रत्नसुंदरजी 🙏🙏🙏