मिले हजारों साल की उमर,
ये दुआ करती है वो आज।
मेरे हाथ से तोड़ कर व्रत,
सोला श्रृंगार का सजी है साज।
चाँद को देखकर चहेरा मेरा देखा,
प्यार भरे दीपक की रोशनी से जगमगाया,
इश्क़ ए चांद बन कर हरबार सिटलता लाया,
ज़िन्दगी की खुशियों में लम्हे को रंगीन बनाया,
खुद की सर्मिली आंखो से मेरी दुनिया को अपना बनाया।
करवाचौथ के पावन पर्व की दिल से शुभकामनाएं...💐💐💐🎂🎂
DEAR ZINDAGI 🤗🙃