अपने बुजुर्ग पिता को car के सीट मैं बिठाने पे
सर्मिन्दा होने वाले बेटा भूल जाते हैं वोह अपने
बाप के स्कूटर पे कितने बेठे हैं....
कितनी शर्मनाक बात है आज कल के बच्चे
मा बाप के क़ुरबानी को उनका फर्ज़ समझते हैं....
जब तक कमाने लायक़ नहीं हो जाते हैं
पिता उनके लिए ATM और मा नर्स कहलाते हैं...
और दिखावे का फादर्स डे मना ते हैं.