"तलाश" _
'मैखानो ने हमे कभी बुलाया नहीं _2
मैखानो को हमारी तलाश थी।
' पैमानों को कभी गले लगाया नहीं _2
पैमानों को साकी की तलाश थी।
'तबस्सुमे गुलिस्तां मे गुल कम पङ गए :
गुलों को ताहीर की तलाश थी।
' तरन्नुम की तलब में परवाने को शम्मा की तलाश थी :
'भटके हुए मुसाफिर को-2
जमाने की तलाश थी।
किसी रात के परिंदे को सहर की तलाश थी।
जैसे किसी शायर को, गालिब की तलाश थी :
' हमें मैखानों कि नहीं, मैखानो को हमारी तलाश थी।