ए मौत तू तब आना
ऐ मौत तू तब आना
जब सारे वादे टूट जाए
और कह देना उन वादों से
हम किसी के मोहताज नहीं
तुम याद करना उन लम्हों को
जिसमें हम अकेले हो
अकेले घबराए से बैठे हो
और सब छोड़ जाएं साथ मेरा
ए मौत तू तब आना
जिंदगी की उलझनों से जब
मुकद्दर मन हो जाए
और कोई हौसला ना हो
तब आना तुम मुझको लेने
उम्मीद जब सारी मेरी
टूट के बिखरने लग जाए
तिनका तिनका जोडू मैं
तब भी कुछ नज़र ना आए
ए मौत तू तब आना
जब नाव मेरी किनारे पर
जाकर अचानक डूब जाए
सुनसान रातों मे भी
कोई मुझे सुन ना पाए
तब आना तुम
आना तुम सहारा बनकर
नई जिंदगी का इशारा बनकर
रात के अंधेरे मे
चांद की किरण छुप जाए
ए मौत तू तब आना...
-Azoorey 🖋️ ✍️📝