कल आंखों ने आंखों से सवाल किया???
सब ऐसे ही है क्या... कहकर मुझे ही समझा दिया.....
तू जीती है खुद के लिए नहीं......
कि !! तु जीती है खुद के लिए नहीं ये मुझे ही बता दिया.....
कुछ स्तब्ध सी ठहर..... मुझे ही मुझसे मिला दिया।।।
कुछ लंबी सी सांस ली "" और मेरा दिल दहला दिया.....
तु लायक नहीं दुनिया की....
इस बार भी समझा दिया.......