पहले सुबह बिकी
फिर शाम बिकी,
अन्त में रात भी बिक गयी।
भ्रष्टाचार में
पहले आत्मा बिकी,
फिर न्याय बिका
अन्त में देश भी बिक गया।
प्रदूषण के लिए
पहले वृक्ष बिके
फिर पहाड़ बिके
रात होते-होते नदियां भी बिक गयीं।
पहले मनुष्य बिका
फिर संस्कृति बिकी,
शाम होते-होते
जीवन भी बिक गया।
कहाँ जाऊँ,कहाँ रहूँ
राजा बिका
राज्य भी बिका
परीक्षा के बाद परिणाम भी बिका।
* अफगानिस्तान और -----!!