जब है लगन, गगन छुने की
तो हो जा मगन तु राहों में...
पायेगा जो चाहेगा, बस भर लें मेहनत बाहों में।
तेरी चाहतों को आदत बना,
ख्वाबों में एक उम्मीद जगा...
चलके दौड़के उड़के,जाके,
मंजिल पे तु शोर मचा।
उम्मीद में जोश भरके, उन्नति की आश जगाके,
जाके मंजिल पे शोर मचा....
#उन्नति