चल एक उड़ान भरते हैं
नीले आसमां तले
कुछ ख्वाबों को लिए
चल एक उड़ान भरते हैं
एक ऐसी उड़ान भरनी है Bindu A.
कि वक्त थम जाए और
रोशन हो जाए यह समा
हो सारी ख्वाहिशें कुबूल
चल एक उड़ान भरते हैं
ना हो कोई बंधन
हो बस एक खुला आसमां
चल एक उड़ान भरते हैं
ना कोई मंजिल है ना कोई रास्ता
ऐ मेरे हमसफर तू है संग मेरे
चल एक उड़ान भरते हैं...(अभी-अभी लिखी है कुछ शब्द कुछ विचार अगर इस में भूल हो तो बताइएगा)