सुदंर कविता ..
विषय .दोस्ती ..
तेरी दोस्ती के कुछ पल चाहता हूँ ।
आ मिला हाथ ,तेरा जीवन भर का साथ चाहता हूँ ।।
अकेले अकेले बहुत ,चल दिए जनाब ।
आ तेरे साथ दो कदम ,चलना चाहता हूँ ।।
जमाना लाख रोडे अडाए ,मेरी राह में ।
तेरी दोस्ती का अनमोल ,पल चाहता हूँ ।।
आ बन जाये हम ,श्री कृष्ण सुदामा से मित्र ।
तेरे संग यह सुहाना ,रिश्ता निभाना चाहता हूँ ।।
तुझे भुला कर मैं एक पल ,भी जी नही सकूंगा ।
तेरे प्रेम की अनमोल डोर ,में बंधना चाहता हूँ ।।
दोस्ती तो दिल का ,एक अनमोल खजाना है ।
दोस्त तेरे साथ ,जीना मरना चाहता हूँ ।।
इस जग के बगीचे में ,खुशियों के फूल बहुत है ।
तेरे संग कुछ महकते फूल ,चूनना चाहता हूँ ।।
तू सदा महकता रहे ,हरदम यार मेरे ।
तुझे महकता देख ,इस जहाँ से चलना चाहता हूँ ।।
https://www.instagram.com/p/B6P6nWOhTRL/?igshid=1b9k6mlf4u3br