#स्तर
स्तर हो जीवन का सुंदर ,यदि किसीके मन में छाएँ ,
वीणा के हम तार नहीं हैं ,फिर भी सुर से दीप जलाएँ |
नव आशा भरकर आँखों में ,सबके भीतर आस जगा दें ,
और विहग से ले उड़ान हम ,नए स्वप्न की प्यास जगा दें |
इस उड़ने की परिभाषा हम खुद सीखें और सिखलाएँ ,
उच्च बनाएँ जीवन -स्तर ,सबको स्नेहिल पाठ पढ़ा दें | |