यह फासले बड़े दिलचस्प होते है, कभी छोटे तो कभी बहुत बड़े होते है। कभी ना हो ते हुए भी नजर आते है, और कभी नजरो को ही धोखा दे जाते है। इन्हें यूहीं छोड़ दो तो बढते जाते है,और कभी कोशिश भी करो तो समझ नहीं आते। कभी दूर रह कर भी बीच नहीं आते और कभी साथ हो कर भी बनते जाते है। लेकिन फासले मोम की तरह होते है एक पहेल कर दो तो पिघलते जाते है।