✨ जीवन का छलावा ✨
जो जीवन हम जी रहे हैं,
कभी-कभी वह एक छलावा नहीं लगता?
जिस सुख की चाह में हम भागते हैं,
वह क्या केवल एक दिखावा नहीं लगता?
हम तो धर्म निभा रहे हैं अपना,
पर सवाल ये है –
वो किस खुशी के लिए?
हमसे पहले जो थे,
वे भी खाली हाथ ही चले गए।
तो फिर हम किस चीज़ पर गर्व करें?
जो उन्होंने हासिल किया,
वो क्या वैसे ही बना रहा,
या समय ने सब कुछ बदल दिया?