चलो एक बार फिरसे अजनबी बन जाये
इस जान पहचान की दुनिया मै फिर एक बार अंजान बन जाया जाये
एक दुसरे को नये सिरे से खोजने की फिर एक नयी कोशिश की जाये
चलो एक बार फिरसे अजनबी बन जाये
साप की केचुली की तरह पुराने रिश्ते की परत उतार दी जाये
एक बार फिर रुह से जुडने की तरकीब निकाल ली जाये
चलो एक बार फिरसे अजनबी बन जाये
पुराने गिले शिकवो से एक बार फिर मुंह मोड लिया जाये
नया रिश्ता, नये जजबात नयी पहचान बनायी जाये
चलो एक बार फिरसे अजनबी बन जाये
मतलब की बाते छोडकर बातो मै मतलब ढुंढा जाये
एक दुसरे की पसंद के साथ नापासंद भी जानी जाये
चलो एक बार फिरसे अजनबी बन जाये
पुरानी गिले शिकवे की डोर छोडके नये वादो और कसमो की नयी मंजिल की तरफ जाये
माथे की शिकन को चेहरे की ख़ुशी मै तबदिल किया जाये
चलो एक बार फिरसे अजनबी बन जाये
उम्मीद और मतलब के तंग गलियो से निकल कर समझदारी और स्नेह के खुली आसमान मै पर फैलाया जाये
दोस्ती के सरोवर से शुरु करके प्यार के अंनत मे विलीन हो जाये
चलो एक बार फिरसे अजनबी बन जाये