क्या कसूर था, मेरा ए बेवफा इतना तो बता,
क्या हुई, खता कोई मेरी मोहब्बत में ये तो बता,
जो छोड़ गया मुझे अपनी किस्मत बताकर,
तेरी बेबफाई का मुझे सबब तो बता,
कभी सोचा नहीं था, तेरे बिना अकेले जीना,
फिर क्यों छोड़ गया अकेले, मेरा नहीं तेरे,
अलावा कोई अपना, फिर क्यों दी सज़ा,
इतनी बड़ी, मुझे तड़पने की ए बेवफा इतना तो बता,
_Naaz