चलो,चलो भारती:
चलो,चलो भारती
ये हिमभाल स्वच्छ है,
नीलवर्ण जल ही
गंगा का स्वास्थ है।
शिखर भी तुम्हारे
गगन तक राज्य है,
भारत की अयोध्या
यही सनातन सत्य है।
ऊँचे-ऊँचे तीर्थ हैं
शीतलता अभेद्य है,
समय के आकाश में
चलो,चलो भारती।
अद्भुत ये देवियां
अद्भुत ये भगवान हैं,
आस्था का योग हो
दानवों पर रोक हो।
स्नेह की सांस में
गर्जन सिंह की बनी रहे,
निकल कर घरों से
ध्वज सत्यार्थ लगा रहे।