चलते कदमों के साथ मिलना,
हाथों में थामें हाथ की कुछ और हीं बात,
धीरे-धीरे बात का बढ़ाना,
बातों ही बातों में मुस्कान की कुछ और हीं बात,
नजरें झूका के शर्माना,
शर्म के मारे आँख बंद होने की कुछ और हीं बात,
प्यार भरी नजरों से देखना,
देखते हीं देखते कहीं खो जाने की कुछ और हीं बात,
इश्क़ का इज़हार करना,
इज़हार के इंतज़ार की कुछ और हीं बात।