वो कहती है हर वक़्त परछाई मेरी मुजसे कभी दूर नहीं जाती,,,,,!
क्या बताऊं ए- खुदा उसके इश्क़ का साया मेरे साथ जिंदा रहता है,,,,,!
क्या बताऊं यारो रूह से रूह जुड़ा दिल क्या जहाँ में सामिल होता है,,,,?
और हो भी गया तो क्या दुनिया का दस्तूर उस दिल से बेदखल कर सकता है,,,,?
DEAR ZINDAGI 💞❣️