अंजाना रिश्ता
कुछ रिश्तो की डोर दूर से ही जुड़ जाती है
नहीं जिनसे कोई वास्ता किस्मत उन्हें मिलाती है
उनसे मिलने की मन में आशाएं जाग जाती हैं
हर धड़कन में उनकी यादें शामिल हो जाती हैं।
दूर होते हुए भी कुछ ऐसा कर जाते हैं
जो गुम थी खुशियां उनको वापस कर जाते हैं
कितनी शिद्दत से हमें अपना बना जाते हैं
दूर के हो कर भी दिल में जगह बना जाते हैं ।
करते हैं हमारी फिक्र देते हैं हरदम नसीहत
सब कुछ पूछते बताते जो भी होती है हकीकत
हरपल पूछते हाल-ए-दिल पूरी करके हर जरूरत
ये तो दिल से जुड़ जाते हैं नहीं मायने रखती सूरत।
कुछ रिश्ते संसार में अनजानो के से जब जुड़तेहैं
जब होता है वक्त उनका अनायास ही मिलते हैं
होते हैं कुछ दूर हमसे लेकिन दिल में रहते हैं
हो जाते हैं जान से बढ़कर ऐसे हमदर्द जब मिलते हैं।
जय हिंद 🇮🇳🇮🇳
vp army ⚔️🇮🇳