नाम के जाप में श्रद्धा----
ना ही तुम मेरा कोई ख्वाब हो
ना ही कोई उम्मीद
जो पूरी होगी
भविष्य में......
तुम तो
मेरा वो हिस्सा हो
जो महकता है ,चहकता है
मेरी हर सांस में प्रतिपल....
रूह से उतरकर
जिस्म के रोएं रोएं में
बस गया है जो
जिंदगी बनकर ...
तो तेरे ही
नाम के जाप मे श्रद्धा
मिटा देती है
मेरी इस तड़प को...
💥