अपनी बेवकूफियों
अपनी नादानियों
की बदौलत
हारने, मात खाने
में जो मज़ा है
वह मज़ा कहां आता है -
चालाकियों
चालबाज़ी से
जीतने, मात देकर
पछाड़ने में
क्योंकि
चालाकियां, शातिर खयाल
तो तीखे खंजर की तरह
चुभते हैं ज़हन में सभी के
और
भोलापन, बेवकूफियां
अपने करीब बुलाती हैं
गुदगुदाती हैं सभी को
:- भुवन पांडे
#बेवकूफ