#चेहरा
ऐ काली रात तेरा चेहरा तो दिखा कभी
कोई तुझे अमावस की रात, तो कोई चांदनी रात कहता है
मै तो तुझे खूबसूरत ही समझा हूं,ये मेरा जज़्बात कहता है
चेहरे पर तो आज भी लोग मर मिटते हैं
कोई उनसे भी तो पूछो, जिन्हें प्रेम ने कश्मकश बना दिया
चेहरा देखना है तो आइने तक चले जाओ।
वहां सुंदरता हू ब हू नजर आती है।।