चाहे हो वजह कोई भी,
पर नहीं होना है विचलित हमें,
हो चाहे परिस्थितियां कैसी भी,
नहीं होना है विचलित हमें,
चाहता तो कोई नहीं है,
अगर है इस दुनिया में कुछ,
जो होता रहें बहुत विचलित, वह है मन अपना,
हर छोटी-छोटी बातों में विचलित हो उठता है मन,
अब कोई न जाने इसे अंकुश में कैसे रखें?
पर न रहे ये शांत, तो आये लेकर बहुत सारी समस्या,
तो किजीये ऐसा प्रयास कि रहें न कभी विचलित!
#વિચલિત