सामने वाले और खुद की दोनों की बात रखते काम करना चाहीए | तब खुद को और दुसरो को दोनों को संतोष व फायदा मीलता है | रही बात निश्चित बात की तो भी जम जाए/ पसंद आए तो करना होता है | कुछ बात कीसीका मान रखने को भी की जाती है पर वो तो व्यक्ति पर है कौन है |...ॐD