#Good
लाख तकलीफ हो अधरों पर मुस्कान बनाये रखना l
दिल में हौसलों और उम्मीदों के दीप जलाये
रखना ll
बड़ी चाहत होनी चाहिये जीने की और जीने दो की l
घर आँगन को खुशियो के फूलों से सजाये रखना ll
अभिनय के बेताब बादशाह बनकर क़ायनात में आज l
दिल के दर्दों को छुपाकर अश्रुओं को दबाये रखना ll
अजीब मुकाम पर खड़ा है काफ़िला ज़िंन्दगी का सखी l
वादा किया है तो निभायेंगे ज़िगर को मनाये रखना ll
गहरी अंधेरी रात जैसे आई है यूँही चली भी जायेगी l
तमन्ना ओर ख्वाबों के चरागों को जगाये रखना ll
२८-११-२०२३
सखी
दर्शिता बाबूभाई शाह