रोज नये-नये रंग दिखाती है,
कभी हँसाती है तो कभी रुलाती है,
फिर भी ज़ीने के अलग हीं ज़लवा दिखाती है,
हर रोज लाख़ो बच्चे जन्म लेते है और,
हर रोज लाख़ो लोगों मरते है,
फ़िर एक हीं रफ्तार से चलती रहती है जिंदगी,
चाहे अच्छी हो या बुरी फिर भी
जीने का अलग हीं मज़ा देती जिंदगी।