चाय
वेसे तो ये शब्द हे छोटा पर कहे बहुत कुछ जाता हे .
चाय ही है जो सबका ख्याल रखती हे
चाहे फिर सुबह सुबह की आँख खुलवाने वाली हो
या शाम की ढलते सूरज के साथ वाली हो
अकेले मे सुकून वाली हो
या फिर दोस्तों के साथ की वो खुशी दिलाने वाली हो
माँ के हाथ की वो खास चाय हो
या किसी खास के साथ वाली हो।
आप सभी को राष्ट्रीय चाय दिन की हार्दिक शुभकामनाएं