कुछ नहीं होता
किसी के चले जाने से
ज़िन्दगी चलती ही रहती है
मुस्कान आ ही जाती है लबों पर
आँखों में भले नमी सी रहती है
कभी रूककर रो लेते हैं उसे याद करके
फिर चल पड़ते हैं ज़िम्मेदारी निभाने
दर्द के साथ दवा भी मिल जाती है
कुछ नहीं होता किसी के चले जाने से
हम जीते हैं जब तलक़ सांस चलती है
- अनिता पाठक