*एक बार सच और झूठ नदी में स्नान करने*
*पहुंचे। दोनो ने अपने-अपने कपड़े उतार*
*कर नदी के तट पर रख दिए और झट-पट*
*नदी में कूद पड़े। सबसे पहले झूठ नहाकर*
*नदी से बाहर आया और सच के कपड़े पहनकर*
*चला गया। सच अभी भी नहा रहा था। जब वह*
*स्नान कर बाहर निकला तो उसके कपड़े गायब थे।*
*वहां तो झूठ के कपड़े पड़े थे।* *भला सच उसके कपड़े*
*कैसे पहनता ?*
*कहते हैं तब से सच निवस्त्र है ओर इसीलिए लोग सच को देखना ओर मिलना नही* *चाहते और झूठ सच के कपड़े पहनकर सच के आकर्षित रूप में प्रतिष्ठित है। लोग झूठ को ही देखना ओर मिलना पसंद करते हैं*
*सादर वंदन*