बारिश को पता होता,
तो कितना अच्छा होता..!
कि हर साल हम तरसते है,
उसके आने का इंतज़ार करते है..!!
बारिश को पता होता,
तो कितना अच्छा होता..!
कि उसका माटी से मिलन,
एक सौंधी सी खुशबु बिखेर देती है..!
मानो हर तरफ उसके आने का,
पता दे रहे है..!!
बारिश को पता होता,
तो कितना अच्छा होता..!
कि उसमें भीगकर एक हो जाना,
कितना सुखकर, कितना रोमांचित
कर देता है..!
बारिश को पता होता,
तो कितना अच्छा होता..!
कि पुष्प पल्लव, सजीव निर्जीव,
सभी खिल उठते है...
पुनर्जीवित हो उठते है..!!
बारिश को पता होता,
तोकितनाअच्छा