🦋...𝕊𝕦ℕ𝕠 ┤_★__
मिटा दो अपनी हसरतें किसी के
साथ के खातिर,
पर किसी हसरत के खातिर अपनों
का साथ न छोड़ना,
ये दुनिया तो बस तमाशबीनों का
मेला है दोस्त,
तमाशे की खातिर कभी वफ़ा का
हाथ न छोड़ना,
मिलेगा फलक भी तुझे और मिलेगी
ज़मीन भी,
मगर बुलंदी की चाह में अपनी
बुनियाद न छोड़ना,
बड़ी मुश्किल से बनते हैं ये रिश्तों
के आशियाने,
ज़रा सी तल्खी के पीछे बना-
बनाया घर न छोड़ना,
अकेले सफ़र में अक्सर मंज़िलें खो
जाती हैं,
पाने को जहाँ, तुम अपनों का हाथ
न छोड़ना…🤝❣
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♦❙❙➛ज़ख़्मी-ऐ-ज़ुबानी•❙❙♦
#LoVeAaShiQ_SinGh ☜
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