वो कुछ बदले - बदले लगते है, लगता है कोई खास मुलाकात हुई है।
हम मनाने में लगे थे, गलतफहमी थी कुछ बात हुई है।
दीवानी ने कदमों में दिल बिछाया था, उन्हें लगा पतझड़ में पत्तों की बरसात हुई है।
सुना था जिंदगी नई मिलती है इश्क में, कहां पता था मुकद्दर में पहले इकरार- ए- मौत हुई है।
वो कहते थे आंखे बड़ी खूबसूरत है मेरी, किसे मालूम था बादलों से ज्यादा इन आंखों से बरसात हुई है।
मैने तो खुशियां मांगी थी ए- जिंदगी , तूने तो मौत की तस्वीर दिखाई है।
बड़ी छोटी औकात थी तेरी, देख तेरी जिद्द पर मैने अपनी जिंदगी उड़ाई है।