अपना कर्म करते रहो हो सकता है तुम्हारे हिस्से के फल को घमंड हो गया हो कि वो ना पकेगा ना पेड़ से गिरेगा लेकिन ऐसा नहीं होता वो पकेगा भी और गिरेगा भी और ऐसा गिरेगा कि ना उसे कोई देखेगा ना ही कोई उठाएगा उसका ऐसा हस्र होगा कि लोग उसको कुचल के चले जायेंगे । इसलिए समय रहते फल को अपना घमंड
त्याग देना चाहिए ।
और ये बात फल के लिए नहीं थी