बड़े शौंक से पाले हैं हमने जख्म अपने
मरहम का मत पिंजरा देना इन्हें
मुस्किल हैं रास्ते तो क्या, आगे बढ़
रास्ता कट जायेगा तुफां से बातें करते करते
मेरा सर कटार पे रख दे, या कटार रख गर्दन पे
हमें तो मरने से मतलब है, तेरे हाथों
मेरी हसरतों ने खुदखुशी करली
मेरी हसरत ये थी के खुद को जिंदा रक्खूँ
इतनी भी क्या जल्दी है जाने की
मेरा कातिल पकड़ा जाये, चले जाना
होश में तो हो मयकदा है ये
पानी ढुढ़ईये उस दुकान पे जाकर
आप तनहा हैं मयकदे में
वजह, आप होश में हैं मयकदे में
हमें जीने की तलब ही कब थी
हम तो जमाने में सांसें ठुकराने आये थे