तेरे मेरे सपने....
तेरे मेरे सपने, जैसे चाँदनी की नर्म रोशनी में सजी संजीवनी,
हर धड़कन में बस तेरी ही धुन, जैसे साज़ पे बसी कोई रागिनी।
तेरे बिना जीवन की राहें, वीरान और सूनी लगें,
अभि तेरे साथ हर एक पल, जैसे बहारें खिलें
तेरे सपनों की दुनिया, हर ख़्वाब प्यारा लगे,
तेरे मेरे सपने, जैसे आसमान में तारे जड़े,
जब-जब तेरी यादें आतीं, दिल की गहराइयों में उमंग भर जातीं,
तेरे मेरे सपने, जैसे हो कोई कहानी, हर लम्हें जीवन्त कर जातीं।
तेरी हँसी की मिठास, जैसे शहद की बूंदें हों,
तेरी बातें, सागर की गहराई में बसी सीप हो।
तेरे मेरे सपनों में, हर रोज़ नया सवेरा हो,
साथ चलने का हर पल, किसी सुकून बसेरा हो।