चाँदनी रातों में सितारे में जगमगाये कही ,
ख्वाबों की जमीं पर गुलपोश हो जाएँ हम ।
रौशनी जिस्म है सितारों की छाँव की ,
चंदा से हसरतों के सिलसिले सजाएं हम ।
हर सांस में मीठा सा अहसास है ,
तुम बस्ती हो तुमसे कैसे बताएँ हम ।
मजनून कर रही आँखों की जुबां,
सच्ची मोहब्बत है तो आजमाए हम।
आँखों में खो जाओ हमारी तुम ,
ख्वाबों के सफर पे कहीं ले जाएं हम।
दरिया है ये दिल, लहरों में बहता,
प्यार के सागर कहीं बनाएं हम।
सितारों के साथ जगमगाती रातों में,
आजा आपसी दूरियाँ मिटाएं हम।
बंदिशे तोड़ दे आज उल्फत के हद की ,
दोनों ही धुनकी में आज आए हम।
सुनो गज़लों की ये खूबसूरत साजिश है ,
इश्क़ के आलम में कही खो जाएं हम।
पवन कुमार सैनी