संध्याकाल संध्या वंदन रविवार इतवार संडे 04/09/2022
सभी सूर्य देव भक्तों को शुभ रविवार इतवार संडे की संध्या वंदन पर संध्याकाल की हार्दिक शुभकामनाएं एवं बधाई ब्रह्मदत्त त्यागी हापुड़ एवं सभी भक्तों की तरफ से
आरती श्री सूर्य देव की रविवार इतवार संडे
ब्रह्मदत्त त्यागी हापुड़
Ram Ram Ji
Ram Ram Ji
शुभ संध्या वंदन रविवार इतवार संडे ब्रह्मदत्त त्यागी हापुड़ सभी भक्तों का साक्षात दर्शन देने वाले भगवान श्री सूर्य देव
नमस्कार स्वीकार करें जय श्री सूर्य देवाय नमः ब्रह्मदत्त
श्री सूर्यदेव जी की आरती
जय कश्यप-नन्दन, ॐ जय अदिति नन्दन ।
त्रिभुवन तिमिर निकन्दन, भक्त-हृदय-चन्दन ॥
जय कश्यप-नन्दन, ॐ जय अदिति नन्दन ।
सप्त-अश्वरथ राजित, एक चक्रधारी।
दुःखहारी, सुखकारी, मानस-मल-हारी ॥
जय कश्यप-नन्दन, ॐ जय अदिति नन्दन।
सुर मुनि भूसुर वन्दित, विमल विभवशाली।
अघ-दल-दलन दिवाकर, दिव्य किरण माली ॥
जय कश्यप-नन्दन, ॐ जय अदिति नन्दन ।
सकल सुकर्म प्रसविता, सविता शुभकारी।
विश्व-विलोचन मोचन, भव-बन्धन भारी ॥
जय कश्यप-नन्दन, ॐ जय अदिति नन्दन ।
कमल-समूह विकासक, नाशक त्रय तापा।
सेवत साहज हरत अति मनसिज-संतापा ॥
जय कश्यप-नन्दन, ॐ जय अदिति नन्दन ।
नेत्र-व्याधि हर सुरवर, भू-पीड़ा- हारी।
वृष्टि विमोचन संतत, परहित व्रतधारी ॥
जय कश्यप-नन्दन, ॐ जय अदिति नन्दन ।
सूर्यदेव करुणाकर, अब करुणा कीजै।
हर अज्ञान-मोह सब, तत्त्वज्ञान दीजै ॥
जय कश्यप-नन्दन, ॐ जय अदिति नन्दन ।
सूर्य देव आरती संपूर्णम् ➖
ब्रह्मदत्त त्यागी हापुड़
रविवार इतवार संडे
ब्रह्मदत्त त्यागी हापुड़