Dear heart ❤️
यूं तो दोस्त कहीं है ।
पर आज खुद से बात करते हैं ।
खुद ही खुद ही के दोस्त होते अगर ....
खुद से सारी बातें करती और
खुद ही बातें समझ जाती ।
खुद ही खुद ही के दोस्त होते अगर ....
खुद ही रोते और खुद ही को मना लेती मैं ..
खुद ही खुद ही के दोस्त होते अगर ....
कितनी भी उलझन आए जिंदगी में ,
मैं कभी अकेला ना छोडती खुद को ...
कितना अच्छा होता खुद ही खुद ही के दोस्त होते अगर ...
खुद ही रोते और अपना ही रुमाल भिगोते और खुद ही को संभाल लेते हम ।
कितना अच्छा होता खुद ही खुद के दोस्त होते हैं अगर .....
✍️ Vyas Dhara ✍️