#ज़िंदगी_और_ख़ुशी ..
देखो बाबू क्या है न कि ज़िंदगी है इत्ती सी, और ख़्वाहिशें हैं इत्ती सारी..तो क्यूँ नहीं हर खूब सारा जियो, मतलब डबल-तिबल टाइप..
जो होना है वो होगा ही, और जो नहीं होना वो नहीं ही होगा.. तो प्रयास पूरा करो, अपने आपको पूरा झोंक दो, लेकिन रिज़ल्ट की टेंसन मत लेओ.. अपना पूरा दिया न, तो बस इनकी संतुष्टि रख लेओ..
ज़िंदगी से चाहो सब, लेकिन न मिलने पर उदास नहीं होना सीख लिया न बंधु, तो समझो आख़िरी लेवल पे पहुँच गए ज़िंदगी के..जिसके बाद बस सुक़ून होता है, रोमांच होता है..और होती है ख़ुशी, जी लेने की. ❤️