#तह
जीवन क्या है ?
उसके स्वरूप को समझा जाना चाहिए और उसके साथ जुड़े हुए तथ्यों को स्वीकार किया जाना चाहिए , भले ही वे कठोर और अप्रिय ही प्रतीत क्यों न होते हों ।
जीवन एक चुनौती है और एक जोखिम है उसे इसी रूप में स्वीकार करने के अलावा और कोई चारा नहीं है हमारे पास।
जीवन एक रहस्य है , भूल - भुलैया और गोरखधन्धा है । गम्भीरता और सतर्कता के आधार पर ही उसकी तह तक पहुँचा जा सकता है और भ्रान्तियों के कारण उत्पन्न होने वाले खतरों से बचा जा सकता है ।