Hindi Quote in Book-Review by Rahul Sagar Advocate

Book-Review quotes are very popular on BitesApp with millions of authors writing small inspirational quotes in Hindi daily and inspiring the readers, you can start writing today and fulfill your life of becoming the quotes writer or poem writer.

**पेट की आग**

मैं मेरठ स्टेशन से दिल्ली गया था जैसे ही मैं स्टेशन पर ट्रेन से नीचे उतरा एक बूढ़ा व्यक्ति जिसकी कमर झुकी हुई थी आंखों में मोटे गिलास का चश्मा था मुंह में झुर्रियां पड़ गई थी ठीक से चल भी नहीं पा रहा था मेरे पास आया जल्दी-जल्दी आया और बोला साहब आपको कहां जाना है मैं आपको छोड़ देता हूं और मेरे कुछ कहने से पहले ही मेरा बैग लेकर चलने लगा मैं उसके पीछे-पीछे चलने लगा , जब मैं उससे रिक्शे में बैठा तो उसने रिक्शा खींचना शुरू किया कुछ ही दूर जाकर उसका सांस फूलने लगा वह पसीना पसीना हो गया, मैं तुरंत उसके रिक्शे से उतर गया और सो का नोट उसके हाथ में रख दिया बड़ी हिम्मत करके मैंने पूछ ही लिया कि बाबा आप  बूढ़े हो गए  हो और आपकी उम्र रिक्शा चलाने की नहीं आराम करने की है, तुम्हे  इस उम्र में रिक्शा नहीं चलाना चाहिए उन्होंने बोला क्या करूं साहब पेट की आग मुझे बूढ़ा होने नहीं देती !!

Hindi Book-Review by Rahul Sagar Advocate : 111353601
New bites

The best sellers write on Matrubharti, do you?

Start Writing Now