ईमानदारी
पिछले वर्ष दिसंबर के अंतिम सप्ताह में मुझे अपने कारोबार के संबंध में दुबई जाना था। उस दिन रविवार था और मैं दिल्ली एयरपोर्ट पर शाम 7 बजे की फ्लाइट का इंतजार कर रहा था। मै अपना समय व्यतीत करने के लिए एयरपोर्ट के एक रेस्टारेंट में काफी पीने बैठ गया। मैंने बिल चुकाने के लिए जेब हाथ डाला तो मेरा पर्स नही मिला यह देखकर मेरे होश उड़ गये क्योंकि उसमें मेरा अंतर्राष्ट्रीय क्रेडिट कार्ड और दो लाख रू. मूल्य के अमेरिकन डालर थे। मैंने खूब ढूँढने की कोशिश की परंतु पर्स नही मिला। मैंने रेस्टारेंट के मैनेजर से अपनी स्थिति बताते हुए प्रार्थना की, कि मैं दुबई वापिस आने पर आपका रूपया दे दूँगा। मैनेजर बहुत ही सहृदय व्यक्ति था उसने मेरी बात मानली और अपने पास से भी मुझे कुछ डालर आवश्यक खर्च हेतु दे दिये। मैं बहुत निराश था एवं सबसे ज्यादा चिंता मुझे अंतर्राष्ट्रीय क्रेडिट कार्ड की थी।
मैं निराश कदमों से बोर्डिंग काऊंटर की ओर बढ़ रहा था तभी दरवाजे पर जब सिक्योरिटी को मैंने अपना बोर्डिंग कार्ड दिखाया तभी उसकी बगल में खड़े एक सफाई कर्मचारी ने मुझसे पूछा कि क्या आपका ही पर्स गुम गया था। मैंने कहा हाँ। वह कर्मचारी मेरा पर्स मुझे वापिस करते हुए बोला सर आपका पर्स मुझे वेटिंग हाल के पास पडा हुआ मिला था इसमें आपके विजिटिंग कार्ड से आपका नाम जानकर मैंने जानकारी ली तो मुझे मालूम हुआ की आप शाम 7 बजे की फ्लाइट से दुबई जा रहे है। इसलिये मैं इस काऊंटर पर आकर खडा हो गया ताकि आपको पहचान कर पर्स दे सकूँ आप इसमें रखे हुए रूपये अन्य एवं सामग्री जाँच ले। मैंने उसे धन्यवाद दिया और इनाम स्वरूप 5000 रूपये देने का प्रयास किया परंतु उसने विनम्रतापूर्वक मना कर दिया। मैं भी जल्दी में था इसलिये मैंने उसका पता एवं फोन नंबर अपने कार्ड पर लिख लिया और कहा मैं तुमसे जल्दी ही संपर्क करूँगा। इतना कहकर मैं अपनी फ्लाइट की ओर रवाना हो गया।
वापिस लौटने पर मैंने इस बात की चर्चा अपनी कंपनी के मैनेजर से की तो उसका कहना था कि ऐसे ईमानदार और कर्तव्यनिष्ठ लोगो की तो हमें जरूरत है क्यों ना हम उसे अपनी कंपनी में नौकरी दें ? मैनेजर का सुझाव मुझे भी बहुत पसंद आया और मैने उस व्यक्ति से संपर्क करके उसे नौकरी देने का प्रस्ताव दिया। वह भी इस प्रस्ताव से अत्यंत प्रसन्न हुआ और कुछ दिनो बाद हमारी कंपनी में नौकरी करने लगा। अपनी ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा के कारण वह एक वर्ष में ही कंपनी में उच्च पद पर कार्य करने लगा।