दांव पर सब कुछ लगा है, रुक नहीं सकते
टूट सकते हैं मगर हम झुक नहीं सकते।
राष्ट्र सेवा को जीवन का धेय बनाकर अपने जीवन का क्षण-क्षण राष्ट्र एवं संगठन को पूर्णतः समर्पित कर देने वाले आदर्श स्वयंसेवक, समर्पित कार्यकर्ता, कवि, ओजस्वी वक्ता व अद्भुत राजनेता थे हमारे अटल जी।