# Kavyotsav
कावयोत्सव
प्रेमभावना
कविता - वेड तुझे ...!
-अरुण वि .देशपांडे .
----------------------------------------------
वेड तुझे तूच सखये या जीवाला लाविले
भेटली नसती तर ते ही नसते लागले
वेड तुझे ......!
पाहिले ज्या दिवशी तुज जग सारे बदलले
वाट होती काटेरी जी त्यावरी सजली फुले
कळेना अजुनी मजला ही कशी जादू घडे
वेड तुझे ......!
का असे हे वेड तुझे या जीवाला लागले
तू तरी ग सांग आता हे कसे ग जाहले
मन हे माझे अन तुझेही वेगळे कुठे राहिले
वेड तुझे ...!
--------------------------------------------------
कविता - वेड तुझे ...!
-अरुण वि .देशपांडे -पुणे.
9850177342
-------------------------------------------------