कभी-कभी बिना कारण दिमाग खराब होने लगता है मस्तिष्क में एक बंधक सी महसूस होती है लगता है आस पास के चीजों को उठा कर पटक दूँ बेचैन मन बेवजह चिड़चिड़ापन का शिकार हो जाता है और अवसाद अपनी जाल बिछा देता है और फिर सब कुछ उल्टा फुलटा होना शुरू हो जाता है...!